Skip to content
Scan a barcode
Scan
Paperback Times of India KI Kahani [Hindi] Book

ISBN: 8183226248

ISBN13: 9788183226240

Times of India KI Kahani [Hindi]

एक वक्त था जब देश में अख़बार जगत की गतिविधियाँ अपरिभाषित, लेकिन सख्त नियमों से बंधी हुई थीं I और यह बात 1980 के दशक तक लागू रही, जब तक द टाइम्स ऑफ़ इंडिया, इकोनॉमिक टाइम्स समेत अन्य कई प्रकाशनों के स्वामी बेनेट, कोलमैन ऎण्ड कंपनी लिमिटेड ने नियमों को पुनः परिभाषित कर अपने अनुसार नए नियम नहीं बना लिए I फिर मामला चाहे अख़बार की कीमत का हो या उनमें प्रकाशित होने वाले विज्ञापनों व सम्पादकीय स्वतंत्रता का I अगले दो दशक में भारतीय अख़बार जगत की सूरत पूरी तरह बदल गई I टाइम्स ग्रुप ने किस तरह भारतीय मीडिया बिज़नेस को पूरी तरह बदल डाला, इस बारे में अधिक जानकारी उबलब्ध नहीं है I टाइम्स ऑफ़ इंडिया की ही एक पूर्व पत्रकार संगीता मल्हन ने टाइम्स ग्रुप की इस विस्तृत गाथा को पाठकों तक पहुँचाने की कोशिश की है I उन्होंने उस दौर के ऐसे कई पत्रकारों और कॉर्पोरेट जगत के नामी-गिरामी लोगों से विस्तार में बातचीत की जिन्होंने समाचार-पत्र के रूपांतरण में मुख्य भूमिका निभाई I जो सच्चाई उभरकर आई, वह एक अहिरन कर देने वाले अहं के टकराव, बदलते दृष्टिकोण और कॉर्पोरेट जगत के बदलते स्वरूप की अनोखी कहानी थी I ख़बरों की दुनिया से सीधे या परोक्ष रूप से जुड़े और भारत में समाचारों के न&

Recommended

Format: Paperback

Condition: New

$22.99
Ships within 2-3 days
Save to List

Related Subjects

Fiction Literature & Fiction

Customer Reviews

0 rating
Copyright © 2026 Thriftbooks.com Terms of Use | Privacy Policy | Do Not Sell/Share My Personal Information | Cookie Policy | Cookie Preferences | Accessibility Statement
ThriftBooks ® and the ThriftBooks ® logo are registered trademarks of Thrift Books Global, LLC
GoDaddy Verified and Secured