मैंने अपने मास्टर थीसिस को पूरा करने में बहुत प्रयास किए हैं, हालाँकि यह मेरे स्वयं के प्रयास से संभव नहीं होता मैं उन सभी को धन्यवाद करना चाहती हूं जिन्होंने मेरे इस कार्य में निस्वार्थ भाव से मेरी मदद की।
लखनऊ विश्वविद्यालय के प्राचीन भारतीय इतिहास एवं पुरातत्व विभाग के विभागाध्यक्ष प्रोफेसर पीयूष भार्गव की देखरेख में रहना मेरे लिए अत्यंत सम्मान एवं सौभाग्य की बात है।
मैं उनके निरंतर मार्गदर्शन के लिए उनकी आभारी हूं, उनके विशाल ज्ञान को साझा करने की इच्छा ने मुझे मेरे इस कार्य को गहराई से समझने में मदद की जिससे मुझे निर्धारित समय पर कार्य पूर्ण करने में मदद मिली।
मैं अपने माता-पिता और अपने मित्रों के प्रति उनके उदार सहयोग के लिए एवं प्रोत्साहन के लिए आभार व्यक्त करना चाहती हूं, जिन्होंने मेरे इस प्रयास को पूर्ण करने में अपनी स्वेच्छा से अपनी क्षमताओं के साथ मेरी मदद की।
मैं PRASHARAN SVM Publishing Group को धन्यवाद देती हूँ जिन्होंने मेरी इस पुस्तक को प्रकाशित करने एवं आप सभी तक पहुंचाने में मेरी सहायता की। आशा करती हूँ कि यह पुस्तक देवी प्रतिमा विज्ञान विषय से सम्बंधित कार्य या शिक्षण में पाठकों की मदद करेगी।
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